Saturday, April 4, 2009

माइक्रोसॉफ्ट की एक और दुकान बंद.


क्या आप जानते हैं कि माइक्रोसॉफ्ट के एकाधिकार के दिन बीतने ही वाले हैं? और ये, केवल प्रतियोगिता के कारण ही नहीं होने वाला बल्कि, लोगों की बदलती आदतों और इन्टरनेट के बढ़ते प्रयोग ने भी इस पर कुठाराघात किया है. ये बात मैं नहीं कह रहा, बल्कि यही विचार माइक्रोसॉफ्ट ने अपनी ही वेबसाइट पर व्यक्त किये हैं. यूं तो माइक्रोसॉफ्ट के अनगिनत कंप्यूटर उत्पाद हैं जिन्हें कंप्यूटर उपभोक्ता जाने अनजाने प्रयोग करते हैं. किन्तु माइक्रोसॉफ्ट के कुछ ऐसे सोफ्टवेयर भी हैं जिन्हें ख़रीदने के लिए उपभोक्ता बाकायदा पैसे देकर लम्बे समय तक माइक्रोसॉफ्ट के साथ जुड़ जाते हैं.

ऐसे ही एक सोफ्टवेयर का नाम है "माइक्रोसॉफ्ट एनकार्टा" (MSN® Encarta®). आपने एनसाइक्लोपीडिया का नाम ज़रूर सुना होगा. और हो सकता है कि आपने ब्रितान्निका एनसाइक्लोपीडिया का नाम भी सुना हो, संभव ये भी है कि आपने इन्हें किताब या सोफ्टवेयर के रूप में पढ़ा भी हो. इसी तरह का एक एनसाइक्लोपीडिया "माइक्रोसॉफ्ट एनकार्टा" के नाम से माइक्रोसॉफ्ट भी लम्बे समय से बनाता आ रहा है. एनकार्टा न केवल सीडी के रूप में उपलब्ध रहता है बल्कि यह ऑनलाइन भी उपलब्ध रहा है. इसके लिए लोग, नियत शुल्क का भुगतान कर लाग-इन करते रहे हैं.

लेकिन अब माइक्रोसॉफ्ट ने घोषणा की है कि वो अब इसका उत्पादन बंद कर रहा है. माइक्रोसॉफ्ट ने कहा है कि 31 अक्टूबर, 2009 से इसकी संसार भर में फैली विभिन्न साइट्स बंद कर दी जाएँगी सिवाय, जापान के. जापान की इकलौती बची साईट उसके दो महीने बाद, यानी 31 दिसम्बर, 2009 को बंद की जायेगी.

आज विकीपीडिया, गूगल-सर्च जैसी अनगिनत सुविधाओं के चलते इस तरह के पैसे लेकर सूचना देने वाले लोगों के दिन ज्यादा नहीं बचे हैं. वास्तव में आज, सूचना के क्षेत्र में क्रान्ति ही नहीं हो रही है. सूचना की उपलब्धता को लेकर दुनिया के मान-दंड भी बदल रहे हैं. जहां सूचना पर एकाधिकार समाप्त हो रहा है वहीँ दूसरी ओर सूचना समग्र, शीघ्र और निशुल्क उपलब्ध कराये जाने पर असहमति समाप्त हो रही है.

1 comment:

  1. आभार इस समाचार के लिए.

    ReplyDelete

LinkWithin

Blog Widget by LinkWithin